
भारत में सबसे ज्यादा फोन का इस्तेमाल किया जाता है। इंडिया में स्मार्टफोन यूजर्स की संख्या 439 मिलियन है और ये संख्या बहुत तेजी से बढ़ रही है। भारत देश में मोबाइल फोन पर बातचीत करने वाला राज्य उत्तर प्रदेश बन गया है।

यहां भारत के अन्य राज्यों के अलावा मोबाइल फोन पर अधिकतर बातचीत होती है बात करें देशभर
की तो उत्तर प्रदेश ने अपना एक अलग ही रिकॉर्ड बनाया है औसतन 36 घंटे यहां के लोग हर महीने फोन पर
बात करते हैं जिसके अंतर्गत यह भी देखा गया है कि टेलीकॉम कंपनियों को सबसे ज्यादा बिल का भुगतान भी उत्तर प्रदेश वाले लोग ही करते हैं जिसमें इंटरनेट पर खर्च किया गया पैसा और समय नहीं है। इससे भी बड़ी बात यह है कि व्हाट्सएप फेसबुक तथा अन्य सोशल मीडिया के साधन होने के बाद भी एसएमएस टेक्स्ट मैसेज सबसे ज्यादा उत्तर प्रदेश जिले में भेजे जाते हैं यह सेंड किए जाते हैं इन सभी का खुलासा टेलीकॉम की रेगुलेटरी अथॉरिटी ऑफ़ इंडिया के अनुसार किया गया अमूमन देखा जाए तो उत्तर प्रदेश में लगभग 17 करोड लोगों के पास मोबाइल फोन है उत्तर प्रदेश में हर एक मोबाइल धारक केवल बात करने के लिए ₹238 खर्च करता है टेलीकॉम कंपनियों को बातचीत करने मात्र में 4000 करोड़ रुपए हर महीने उत्तर प्रदेश राज्य द्वारा दिया जाता है ट्राई के अनुसार पोस्टपेड मोबाइल धारक केवल 4% ही है जबकि प्रीपेड मोबाइल फोन वाले व्यक्ति उत्तर प्रदेश राज्य में 96% है एक रिपोर्ट के अनुसार माने तो जम्मू कश्मीर ही एक ऐसा राज्य जिसमें केवल 42 प्रतिशत प्रीपेड फोन हैं जो सबसे कम है।
हालांकि पोस्टपेड का इस्तेमाल ज्यादातर दिल्ली में किया जाता है वहां केवल प्रीपेड यूजर 67% है और मुंबई
की अगर बात करें तो 78% लोग प्रीपेड यूजर हैं
अगर बात करें तो कोलकाता दिल्ली मुंबई को भी पीछे छोड़ते हुए उत्तर प्रदेश राज्य भारत में सबसे ज्यादा बात करने वाला राज्य है एक रिपोर्ट के अनुसार अगर देखें तो उत्तर प्रदेश में 36 घंटे बात एक व्यक्ति एक महीने
में करता है जबकि कोलकाता में 14 घंटे एक व्यक्ति 1 महीने है बात करता है वही अगर दिल्ली की बात करें 15 घंटे और मुंबई की बात करें तो 13 घंटे फोन पर बात करते हैं उत्तर प्रदेश में देखा जाए तो इनकमिंग और आउटगोइंग यानी कि फोन रेसीव करना और फोन किसी को करना लगभग बराबर ही
होता है।